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आवारा कुत्तों का आतंक!मासूम बच्ची पर झुंड ने किया हमला,गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती
रामपुर के स्वार तहसील स्थित भोट का मझरा में दर्दनाक घटना,ग्रामीणों का आरोप—पहले भी जा चुकी है एक बच्चे की जान,फिर भी नहीं हुई ठोस कार्रवाई
रामपुर।उत्तर प्रदेश के रामपुर जनपद से इंसानियत को झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। स्वार तहसील के भोट का मझरा गांव में आवारा कुत्तों के झुंड ने एक मासूम बच्ची पर हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। बच्ची की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोगों ने किसी तरह उसे कुत्तों के चंगुल से छुड़ाया और तत्काल उपचार के लिए जिला अस्पताल रामपुर पहुंचाया, जहां डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज जारी है।खेलते समय अचानक टूट पड़े आवारा कुत्ते
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बच्ची घर के पास थी, तभी आवारा कुत्तों का झुंड उस पर टूट पड़ा। हमले में बच्ची को शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। मौके पर मौजूद लोगों ने साहस दिखाते हुए कुत्तों को भगाया और घायल बच्ची को अस्पताल पहुंचाया।
ग्रामीणों का आरोप—पहले भी हो चुकी है जानलेवा घटना
स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में आवारा कुत्तों का आतंक कोई नई बात नहीं है। उनका दावा है कि इससे पहले भी कुत्तों के हमले में एक बच्चे की मौत हो चुकी है, लेकिन इसके बावजूद समस्या के स्थायी समाधान के लिए प्रभावी कदम नहीं उठाए गए। लगातार हो रही घटनाओं से ग्रामीणों में भय और नाराजगी का माहौल है।
बच्चों की सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता
ग्रामीणों का कहना है कि अब बच्चे घर से बाहर निकलने में भी डरने लगे हैं। स्कूल जाने और खेलकूद के दौरान भी अभिभावकों को हमेशा किसी अनहोनी की आशंका बनी रहती है। लोगों ने प्रशासन से तत्काल अभियान चलाकर आवारा कुत्तों पर नियंत्रण करने और आबादी वाले क्षेत्रों को सुरक्षित बनाने की मांग की है।
प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की मांग
ग्रामीणों ने संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों से मांग की है कि आवारा कुत्तों को पकड़ने के लिए विशेष अभियान चलाया जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। उनका कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो किसी भी दिन बड़ा हादसा हो सकता है।
इलाज जारी, प्रशासन की कार्रवाई पर निगाहें
फिलहाल घायल बच्ची का जिला अस्पताल में उपचार जारी है। घटना के बाद पूरे इलाके में चिंता का माहौल है। अब लोगों की निगाहें इस बात पर हैं कि प्रशासन आवारा कुत्तों की समस्या के समाधान के लिए क्या ठोस कदम उठाता है।
