Vikas ki kalam,जबलपुर न्यूज़,Taza Khabaryen,Breaking,news,hindi news,daily news,Latest Jabalpur News

हितग्राहियों को नही मिल रहा तीन महीने का राशन.. मुख्यमंत्री और कलेक्टर के आदेश को ठेंगा दिखाते सोसाइटी विक्रेता..

हितग्राहियों को नही मिल रहा तीन महीने का राशन..
मुख्यमंत्री और कलेक्टर के आदेश को ठेंगा दिखाते सोसाइटी विक्रेता..





सुदेश नागवंशी छिंदवाड़ा


कोरोना संक्रमण से पूरे देश में हाहाकार मचा हुआ है। जिसके एहतियात को देखते हुए देशभर में कोरोना कर्फ्यू लगाया गया लेकिन एक और जहां लॉकडाउन के चलते आम आदमी का काम धंधा ठप हो गया वहीं दूसरी ओर गरीबी रेखा के नीचे बसर करने वाले लोगों के परिवार के भरण पोषण की भी समस्या सामने आने लगी। इसी बात को ध्यान में रखते हुए मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने गरीबी रेखा के नीचे बसर करने वाले परिवारों को राहत दिलाते हुए उन्हें 3 माह का राशन देने की घोषणा की मुख्यमंत्री के सरकारी फरमान के आने के बाद से ही गरीब जनता ने राहत की सांस ली और उन्हें लगा कि अब उनके परिवार का भरण पोषण आसानी से हो सकेगा लेकिन इस सरकारी फरमान को निचले स्तर के अधिकारी और कर्मचारी किस तरह ठेंगा दिखा रहे हैं। इस बात का अंदाजा आप इस घटना से लगाएं की जब गरीब परिवार अपने 3 माह का राशन लेने के लिए शासकीय राशन दुकान पर पहुंचता है तो उसे जिल्लत और दुत्कार के अलावा महज एक या दो माह का ही राशन प्राप्त होता है।

यह पूरा मामला छिंदवाड़ा जिले के अमरवाड़ा तहसील से सामने आया है जहां सोसाइटी के सेल्समैन के द्वारा सरकारी आदेशों को ठेंगा दिखाते हुए महज 2 माह का राशन ही दिया जा रहा है।जबकि जिले ओर तहसील में बैठे अधिकारी के द्वारा निरीक्षण नही करने की बजय से सेल्समेनों के हौसले बुलंद है । गौरतलब हो कि कलेक्टर ने सभी विधानसभा में तीन महीने का राशन दिया जाए इस बात के साफ निर्देश दिए हैं  लेकिन कुछ जगह आवंटन का बहाना बनाकर सिर्फ दो महीने का राशन हितग्राहियों को दिया जा रहा है।


मौके पर पहुंची विकास की कलम 

विकास की कलम को क्षेत्रीय हितग्राहियों ने जानकारी देते हुए बताया कि शासकीय राशन की उचित मूल्य दुकान में विक्रेता द्वारा केवल 2 माह का राशन ही दिया जा रहा है जिसकी पुष्टि करने के लिए विकास की कलम राशन विक्रेता के पास पहुंची राशन विक्रेता से बातचीत के दौरान जानकारी मिली की उपरोक्त दुकान में केवल 2 माह के राशन का ही आवंटन किया गया है यही कारण है की हितग्राहियों को 2 माह का राशन प्रदान किया जा रहा है लेकिन 2 माह के राशन में भी विक्रेता द्वारा सामग्री को कम करके गोलमाल किया जा रहा था जब विकास की कलम की टीम इस पूरे गोलमाल का जायजा लेने पहुंची तो हितग्राहियों ने बताया कि उन्हें 2 किलो शक्कर की जगह केवल 1 किलो शक्कर दी जा रही है वही 5 लोगों के गेहूं की जगह केवल 3 लोगों का गेहूं दिया जा रहा है इस पूरी बात को लेकर जब हमने राशन विक्रेता से मुलाकात की तो हमारी टीम के सामने वह गोलमोल बातें करने लगा बहरहाल हमारी टीम पहुंचने के बाद हितग्राहियों को सही राशन तो मिल गया लेकिन आवंटन सिर्फ 2 माह के राशन का ही हुआ है लिहाजा हितग्राहियों को 1 माह के राशन के लिए अभी और इंतजार करना होगा।


विकास की कलम का जिम्मेदारों से आग्रह

विकास की कलम अपने इस लेख के माध्यम से जिले के जिम्मेदारों से यह आग्रह करना चाहती है कि पहले ही कोरोना काफी कयामत ढा चुका है अब ऐसे में जिले के गरीब तबकों के परिवारों को राहत पहुंचाने के लिए यदि 3 माह के राशन की व्यवस्था की जा रही है तो इस आपदा काल में जिम्मेदारों को चाहिए कि जहां तक हो सके समाज के हर तबके का हितग्राही इस लाभ को ले सके वही हम प्रदेश के मुखिया शिवराज सिंह चौहान से भी आग्रह करना चाहते हैं की इस आपदा काल में गरीब काफी विकट परिस्थितियों से गुजर रहा है अतः आपसे निवेदन है की गरीबों को मिलने वाली सुविधाओं को पूरी मॉनिटरिंग के साथ उनके परिवार तक पहुंचाने की उचित व्यवस्था की जाए ताकि शासकीय योजनाओं से हितग्राही लाभान्वित भी हो और कोई भी बिचौलिया इस योजना को प्रभावित ना कर सके






Post a Comment

If you want to give any suggestion related to this blog, then you must send your suggestion.

Previous Post Next Post