आखिरकार खत्म हुई.. आरटीओ सलाहकारों की हड़ताल.. संकटमोचक बनकर आए.. सौरभ नाटी शर्मा.. - Vikas ki kalam,जबलपुर न्यूज़,Taza Khabaryen,Breaking,news,hindi news,daily news,Latest Jabalpur News

Breaking

आखिरकार खत्म हुई.. आरटीओ सलाहकारों की हड़ताल.. संकटमोचक बनकर आए.. सौरभ नाटी शर्मा..

आखिरकार खत्म हुई.. 
आरटीओ सलाहकारों की हड़ताल..
संकटमोचक बनकर आए..
सौरभ नाटी शर्मा..




दैनिक दिनचर्या में सबसे व्यस्ततम आरटीओ कार्यालय में पिछले 1 हफ्ते से खींचतान का माहौल चल रहा था जिसके चलते ना तो आरटीओ में कोई काम हो रहा था। और ना ही किसी को काम करने दिया जा रहा था । इन सबके बीच लाइसेंस संबंधी काम और RTO से जुड़े हुए अन्य महत्वपूर्ण कामों को करवाने पहुंच रही आम जनता गेहूं के साथ घुन की तरह पिस रही थी। यह पहली बार हुआ है कि किसी कार्यालय में उसकी कार्यप्रणाली को लेकर हुआ विवाद कार्यालय के गलियारों से सड़कों तक उतर आया। त्योहारों के मौसम के बीचो बीच हुई यह विवादित हड़ताल ना केवल आम जनता दल के अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए भी काफी तनावपूर्ण रही। आपको बता दें कि आरटीओ कार्यालय के कर्मचारियों की मनमानी और कमीशनखोरी को  रोकने जैसी मांगों को लेकर पिछले एक सप्ताह से आरटीओ सलाहकारों की हड़ताल जारी है।


खबरों में जारी है :- *ऐसा क्या हुआ ??* *जो घायल मजदूरों को कंधे पर उठाकर* *अस्पताल पहुंचा रही पुलिस..*


आखिरकार खत्म हुई आरटीओ सलाहकारों की हड़ताल




एक हफ्ते की लंबी कवायद के बाद आखिरकार आरटीओ सलाहकारों की हड़ताल मंगलवार को समाप्त हो गई। आरटीओ सलाहकारों की हड़ताल की वजह से आरटीओ कार्यालय में लाइसेंस संबंधी कामकाज पूरी तरह से ठप था,, इस वजह से आम लोगों को बेहद परेशानी उठाना पड़ रही थी।वहीं इस अहम और वहम की जंग के बीच न केवल आम जनता पिस रही थी। बल्कि सरकार को भी अच्छे खासे राजस्व की क्षति पहुंच रही थी।जिसके जल्द से जल्द निराकरण किये जाने की मांग भी तेजी से  पैर पसार रही थी। इस हड़ताल की समाप्ति और सुलह को लेकर सभी एक दूसरे की बगलें झांक रहे थे।


संकटमोचक बनकर आये सौरभ नाटी शर्मा..





आरटीओ कार्यालय में दलालों की सक्रियता और कर्मचारियों की मनमानी कोई आज की नहीं है। बल्कि लंबे समय से चली आ रही है। लेकिन इस बार इस पूरे मामले में बबाल तब मच गया जब भाजपा के पूर्व मंत्री हरेन्द्रजीत सिंह बब्बू ने इस पूरे विवाद को तूल दिया। मामले में मंत्री के हस्तक्षेप के बाद मामला काफी हाईप्रोफाइल बन गया। वहीं सिख संगत के प्रदर्शन के बाद तो बात और भी बिगड़ती चली गयी। और इन सबके बिश जनता बेवजह परेशान हो रही थी।




इस परेशानी को देखते हुए जबलपुर आरटीओ संतोष पाल और कांग्रेस नेता सौरभ शर्मा ने आरटीओ सलाहकारों के साथ मंगलवार की दोपहर को एक बैठक रखी जिसमें आरटीओ सलाहकारों ने अपनी परेशानी आरटीओ अधिकारियों को बताई।


*संपत्ति के विवाद में हुआ* *संस्कारों का खून* *पुत्र ने पिता को उतारा* *मौत के घाट*


आरटीओ के आश्वासन के बाद खत्म हुई हड़ताल


अपनी समझदारी और सूझबूझ के साथ कांग्रेस नेता सौरभ नाटी शर्मा और आरटीओ संतोष पॉल ने पहले तो आरटीओ सलाहकारों को आने वाली परेशानियों पर गहन चर्चा की और फिर

तत्काल ही निर्णय लेते हुए आरटीओ संतोष पाल ने  इन परेशानियों को दूर करने के आदेश जारी कर दिए। इसके बाद आरटीओ सलाहकारों ने अपनी हड़ताल समाप्त कर दी और काम पर वापस आ गए है।


हड़ताल खत्म होते ही शुरू हो गए काम..




आरटीओ संतोष पॉल ने एजेंटों से खुलकर बातचीत की जिसमे उन्होंने पाया कि कुछ अधिकारियों के चलते आरटीओ सलाहकारों को काफी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है।उन्होंने तत्काल ही आदेश जारी करते हुए। न केवल अधिकारियों को आपसी सामंजस्य बनाकर काम करने की सलाह दी बल्कि शिकायतें आने पर कड़ी कार्यवाही की चेतावनी भी दी।हड़ताल खत्म होते ही अब आरटीओ कार्यालय में सामान्य ढंग से कामकाज हो रहा है। आरटीओ सलाहकारों का कहना है कि अधिकारियों और कर्मचारियों के सहयोग की वजह से अब उन्हें काम करना आसान हो गया है। आरटीओ कार्यालय में एजेंट के बिना काम मुश्किल होता है इसलिए अब उनकी मदद और अधिकारियों के निर्देश पर वाहन मालिकों के काम समय पर पूरे कर लिए जाएंगे।


For Video News Click Here





पढ़ना न भूलें :- *भाई-दूज पर निराश हुई बहनें..* *जेल में नहीं हुई..* *भाई से मुलाक़ात..*


नोट-विकास की कलम अपने पाठकों से अनुरोध करती है कि आप अपने सुझाव हम तक जरूर भेजें..


ताकि आने वाले समय मे हम आपकी मदद से और भी बेहतर कार्य कर सकें। साथ ही यदि आपको लेख अच्छा लगे तो इसे ओरों तक भी पहुंचाए।


विकास की कलम

चीफ एडिटर

विकास सोनी

लेखक विचारक पत्रकार

पेज